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चुनाव किसी भी लोकतांत्रिक देश की नींव होते हैं, और उनके निष्पक्ष व शांतिपूर्ण संचालन के लिए प्रशासनिक तैयारियां बेहद अहम होती हैं। इन तैयारियों में मतदान केंद्रों का संवेदनशीलता के आधार पर निर्धारण, मतदान कर्मियों की तैनाती, और मतगणना के लिए आवश्यक प्रबंधन शामिल हैं। उत्तराखंड के देहरादून जिले में नगर निकाय चुनावों के सफल आयोजन के लिए प्रशासन द्वारा सघन योजनाएं बनाई जा रही हैं।
देहरादून, दिनांक 21 जनवरी 2025: जिला निर्वाचन अधिकारी सविन बंसल द्वारा नगर निकाय निर्वाचन के मतदान और मतगणना कार्मिकों का द्वितीय रैंडमाइजेशन कैम्प कार्यालय में संपन्न किया गया। इस प्रक्रिया में मुख्य विकास अधिकारी अभिनव शाह और जिला सूचना विज्ञान अधिकारी रणजीत सिंह चौहान भी उपस्थित रहे।

देहरादून जनपद में कुल 438 मतदान केंद्र और 1071 पोलिंग बूथ हैं, जिनमें से 25 बूथों को पिंक बूथ के रूप में चिन्हित किया गया है (20 देहरादून में और 5 ऋषिकेश में)। संवेदनशीलता के आधार पर जिले में 141 संवेदनशील केंद्र, 380 संवेदनशील स्थल, 114 अति संवेदनशील केंद्र और 302 अति संवेदनशील स्थल निर्धारित किए गए हैं।
चुनाव के प्रबंधन के लिए 27 जोनल अधिकारी और 63 सेक्टर अधिकारी नियुक्त किए गए हैं। कुल 4704 मतदान कर्मी और 1454 मतगणना कर्मियों की तैनाती सुनिश्चित की गई है।
नगर निगम देहरादून के लिए 7 आरओ (रिटर्निंग ऑफिसर) नियुक्त किए गए हैं, और मतगणना के दिन प्रत्येक आरओ के अंतर्गत 15-15 टेबल लगाई जाएंगी। इसके अलावा, नगर निगम ऋषिकेश, नगर पालिका परिषद विकासनगर, हरबर्टपुर, नगर पंचायत सेलाकुई, नगर पालिका परिषद मसूरी और डोईवाला में 14-14 टेबल स्थापित की जाएंगी।
चुनाव के लेखा मिलान के लिए 17 लेखा टीमों का गठन किया गया है, जिससे वित्तीय प्रक्रियाओं में पारदर्शिता बनी रहे।
प्रशासन का उद्देश्य:
देहरादून प्रशासन का लक्ष्य है कि नगर निकाय चुनाव निष्पक्षता, पारदर्शिता और शांति के साथ संपन्न हों। इसके लिए सुरक्षा और प्रबंधन के पुख्ता इंतजाम किए जा रहे हैं।



