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🚦 सड़क सुरक्षा की अनदेखी कब तक? पिथौरागढ़ पुलिस ने चलाया जागरूकता अभियान
क्या एक छोटी-सी लापरवाही आपकी जिंदगी छीन सकती है? सड़क पर रोजाना होने वाली दुर्घटनाएँ इसी सवाल का जवाब देती हैं। हर साल हजारों लोग सड़क हादसों में अपनी जान गंवाते हैं, और इनमें से अधिकतर दुर्घटनाएँ लापरवाही व ट्रैफिक नियमों की अनदेखी के कारण होती हैं। इसी खतरे को कम करने के लिए जनपद पिथौरागढ़ पुलिस ने सड़क सुरक्षा अभियान के तहत विशेष जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए।

सड़क सुरक्षा अभियान: एक जरूरी कदम
रविवार को थाना कनालीछीना और थाना जाजरदेवल पुलिस द्वारा कस्बे व स्थानीय क्षेत्रों में व्यापक सड़क सुरक्षा जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए। अभियान का उद्देश्य जनता को यातायात नियमों के पालन के प्रति संवेदनशील बनाना और सड़क हादसों में कमी लाना था।
थाना कनालीछीना में थानाध्यक्ष दिनेश चंद्र सिंह के नेतृत्व में पुलिस टीम ने स्थानीय नागरिकों को सड़क दुर्घटनाओं के कारणों और उन्हें रोकने के उपायों पर विस्तार से जानकारी दी। इसी क्रम में, थाना जाजरदेवल में थानाध्यक्ष प्रकाश पांडे के नेतृत्व में पुलिस टीम ने स्थानीय लोगों के साथ बैठक कर जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया।
यातायात नियमों की जानकारी और नशे के दुष्प्रभावों पर चर्चा
इन कार्यक्रमों में स्थानीय नागरिकों, छात्रों और वाहन चालकों को सड़क सुरक्षा नियमों के महत्व के बारे में बताया गया। पुलिस अधिकारियों ने नशे में गाड़ी चलाने के खतरों, ओवरस्पीडिंग, हेलमेट और सीट बेल्ट पहनने की अनिवार्यता पर जोर दिया।
थानाध्यक्ष दिनेश चंद्र सिंह ने अपने संबोधन में कहा,
“एक हेलमेट आपकी जिंदगी बचा सकता है, लेकिन लापरवाही आपकी जिंदगी छीन सकती है। हमें नियमों का पालन अपनी सुरक्षा के लिए करना चाहिए, न कि केवल जुर्माने से बचने के लिए।”
वहीं, थानाध्यक्ष प्रकाश पांडे ने कहा,
“यातायात नियमों का पालन करना सिर्फ कानूनी मजबूरी नहीं, बल्कि एक सामाजिक जिम्मेदारी भी है। यदि हर नागरिक इस जिम्मेदारी को समझे, तो सड़क हादसे काफी हद तक कम हो सकते हैं।”
समुदाय की भागीदारी और सकारात्मक प्रतिक्रिया

इस जागरूकता अभियान में बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं और स्थानीय लोगों ने भाग लिया। पुलिस ने लोगों को ‘गुड समैरिटन’ कानून (Good Samaritan Law) की जानकारी दी, जिसके तहत दुर्घटना पीड़ितों की मदद करने वाले नागरिकों को कानूनी सुरक्षा दी जाती है।
साथ ही, सभी को (mybharat.gov.in) पोर्टल पर ऑनलाइन प्रतियोगिता में भाग लेने के लिए प्रोत्साहित किया गया, जिससे वे यातायात नियमों को और बेहतर तरीके से समझ सकें।
एक छोटी पहल, बड़ा बदलाव
सड़क सुरक्षा सिर्फ पुलिस की नहीं, बल्कि हर नागरिक की जिम्मेदारी है। पिथौरागढ़ पुलिस द्वारा शुरू किया गया यह अभियान लोगों में जागरूकता फैलाने का एक महत्वपूर्ण प्रयास है, जिससे सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाई जा सके।
👉 आप भी यातायात नियमों का पालन करें, दूसरों को जागरूक करें और एक जिम्मेदार नागरिक बनें।
सड़क पर सुरक्षित रहना सिर्फ आपका अधिकार ही नहीं, आपकी जिम्मेदारी भी है! 🚦



